वक्त और मंजील का मिलना💐पौयम।

#EDMranjit

वक्त और मंजील का मिलना💐पौयम।

वक्त और मंजील।
का मिलना।
आसान नहीं होता।
बिन मेहनत कोशिश।
से मिली सफलता।
का कोई मुल्यांकन नहीं होता।।
।।
कभी कभी सबने देखा होगा।
हवा का कोई रूख नहीं होता।
वो हर दिशा मे बहती चली जाती हैं।
बस वैसे ही दिशाहिन वक्ति का।
कभी बिकाश नहीं होता।।
।।
धरती का हर जीव प्रर्यतनशिल हैं।
चिटी से लेकर हाथी तक।
फिर कुछ मनुष्य अभी भी।
बिन किये सब मिल जाऐं।
कि तमन्ना लिये रहते हैं।।
।।
हर बार देखता आया हैं।
अंजाम तु अपनी आँखों से।
फिर लालच का ये परदा क्यों।
अब भी तुझमें जिंदा हैं।
।।
कुछ करम तेरे हैं बाकी तो।
उनको ऐसे बदनाम ना कर।
अब आदि से आदर्श नगर।
तु करमों का प्रस्थान कर।।
।।
पहलें भी लिखता आया हु।
आगें भी लिखता जाउँगा।
जो समझें हैं वो अपने हैं।
औरों को भी समझाऊँगा।।
Www.edmranjit.com
Writing by ranjit choubeay.
02/09/2019

वक्त और मंजील का मिलना💐पौयम। 

Comments

Popular posts from this blog

कुछ पल की जिंदगी हैं कुछ पल में मिट जाना हैं। /There are few moments of life to be erased in a few moments/

Poetry //कितनें सत्य जीवन के💐

अब जिंदगी मैं वापस जाना नहीं है //पोयम//💐